Gorakhpur: गोलघर और उसके तीन कनेक्टेड रास्तों को स्मार्ट बनाने के लिए 44 करोड़ 85 लाख रुपये का बजट मंजूर किया गया है। इसके बाद सरकार के आदेश पर नगर निगम ने टेंडर प्रक्रिया शुरू कर दी है। टेंडर प्रक्रिया के लिए तारीख मार्च में तय की गई है। इस परियोजना के तहत अस्थायी अतिक्रमण हटाने, सड़कों का निर्माण, पार्किंग, डक्ट और पैदल यात्री सुविधाओं का प्रबंध किया जाएगा। इसके साथ ही कार्य को लागू करने वाली एजेंसी इन सड़कों का पांच वर्षों तक रखरखाव भी करेगी। यह सड़कों का निर्माण बैंगलोर और चेन्नई के मॉडल पर किया जाएगा।
स्मार्ट सड़कों के लिए मंजूरी
गोलघर के तीन रास्तों की कुल लंबाई 4.46 किलोमीटर है। गोलघर के समग्र सौंदर्यकरण के लिए नगर निगम के अधिकारियों ने इन सड़कों को स्मार्ट बनाने का निर्णय लिया था। इसके बाद इन सड़कों को मुख्यमंत्री ग्रीन रोड इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट अर्बन (CM Grids) योजना में शामिल करने का प्रस्ताव सरकार को भेजा गया था, जिसे अब सरकार ने मंजूरी दे दी है। इससे पहले शाहपुर में भी CM Grids योजना के तहत सड़क निर्माण का कार्य शुरू किया जा चुका है।
टेंडर प्रक्रिया की समय सीमा
प्री-बिड मीटिंग 20 फरवरी को आयोजित की जाएगी और टेंडर जमा करने तथा खोलने की अंतिम तिथि 11 मार्च रखी गई है। इस योजना के तहत गोलघर क्षेत्र की तीन सड़कों का स्मार्ट तरीके से विकास किया जाएगा, जिससे इस क्षेत्र की सुंदरता और सुविधाओं में वृद्धि होगी।
सड़कों की विशेषताएँ
गोलघर के स्मार्ट सड़कों का विकास तीन मुख्य मार्गों पर किया जाएगा, जिनकी लंबाई और चौड़ाई निम्नलिखित है:
-
शास्त्री चौक से स्टूडेंट्स यूनियन स्क्वायर तक
यह सड़क अम्बेडकर चौक के रास्ते जाती है और इसकी लंबाई 2 किलोमीटर 270 मीटर है। इस सड़क की चौड़ाई 15 मीटर होगी। -
अम्बेडकर चौक से अश्प्रा चौक तक
यह सड़क हरियूम नगर तिराहा के रास्ते जाती है और इसकी लंबाई 1 किलोमीटर 250 मीटर है। इस सड़क की चौड़ाई भी 15 मीटर होगी। -
कचहरी चौक से काली मंदिर चौक तक
यह सड़क 842 मीटर लंबी होगी और इसकी चौड़ाई 28 मीटर रहेगी।
इन सड़कों का विकास मुख्यमंत्री ग्रीन रोड इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट अर्बन (CM Grids) योजना के तहत किया जाएगा। नगर निगम के आयुक्त गौरव सिंह सोगरवाल के अनुसार, इन तीन सड़कों के विकास के बाद गोलघर क्षेत्र की सुंदरता में और इजाफा होगा और इस क्षेत्र का चेहरा बदल जाएगा।
पार्किंग और पैदल चलने की सुविधाएँ
स्मार्ट सड़कों के निर्माण के दौरान सभी तीन सड़कों के किनारे दोपहिया और चौपहिया वाहनों के लिए पार्किंग की व्यवस्था की जाएगी। इसके अलावा, एक पैदल पथ भी बनाया जाएगा, जो सड़क से कुछ ऊंचाई पर होगा ताकि पैदल यात्री को किसी भी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
इन सड़कों पर दोनों तरफ वृक्षारोपण भी किया जाएगा, जिससे वातावरण साफ और हरा-भरा रहेगा। इसके साथ ही, सड़कों के किनारे बिजली, पानी, सीवर लाइनों जैसी सुविधाओं का विस्तार किया जाएगा। इन सुविधाओं के साथ-साथ बैठने के लिए बेंच भी रखे जाएंगे, ताकि लोग इन सड़कों पर आराम से बैठ सकें और इनका आनंद ले सकें।
पार्किंग और सुविधाओं के लिए नई पहल
इन स्मार्ट सड़कों में पार्किंग सुविधाओं के लिए कई पहल की गई हैं। नगर निगम ने यह सुनिश्चित किया है कि सभी वाहन-स्वामी को पार्किंग की समस्या से न जूझना पड़े। सड़क के दोनों किनारों पर अलग-अलग स्थानों पर पार्किंग व्यवस्था की जाएगी, ताकि यातायात का आवागमन बाधित न हो। पार्किंग में दोपहिया और चारपहिया वाहनों के लिए अलग-अलग जगह निर्धारित की जाएगी, जिससे व्यवस्थाओं में कोई गड़बड़ी न हो।
स्मार्ट सड़कों का महत्व
स्मार्ट सड़कों का निर्माण केवल यातायात की सुविधाओं को बढ़ाने के लिए नहीं किया जा रहा है, बल्कि यह लोगों की जीवनशैली में भी सुधार लाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इन सड़कों पर पैदल चलने की सुविधाएं, साफ-सफाई, और अच्छी गुणवत्ता वाली सड़कें इस क्षेत्र के नागरिकों के जीवन को आरामदायक और सुगम बनाएंगी।
इसके अलावा, पर्यावरण को ध्यान में रखते हुए इन सड़कों के किनारे वृक्षारोपण की योजना बनाई गई है। इससे न केवल क्षेत्र का सौंदर्य बढ़ेगा, बल्कि वायु गुणवत्ता भी बेहतर होगी। स्मार्ट सड़कों का उद्देश्य लोगों को बेहतर यातायात सुविधाएं देना, जलवायु परिवर्तन के प्रभावों को कम करना और क्षेत्र की बुनियादी सुविधाओं को मजबूत करना है।
नगर निगम के प्रयास
नगर निगम के आयुक्त गौरव सिंह सोगरवाल ने इस परियोजना के बारे में कहा, “गोलघर क्षेत्र के तीन प्रमुख रास्तों के स्मार्ट निर्माण से न केवल इस क्षेत्र का सौंदर्य बढ़ेगा, बल्कि यहां की बुनियादी सुविधाएं भी सुधरेंगी। पार्किंग, पैदल चलने के रास्ते, और दूसरी सुविधाओं के माध्यम से यह क्षेत्र नागरिकों के लिए अधिक सुलभ और आरामदायक बनेगा।”